Vaibhav Suryavanshi on Bihar Fans : “बिहार में रहना मुश्किल हो गया है…!” Team India में चुने जाने के बाद 15 साल के वैभव सूर्यवंशी का बड़ा बयान, फैंस के प्यार पर कही दिल छू लेने वाली बात

भारतीय क्रिकेट में जब भी कोई नया सितारा चमकता है, तो उसके साथ ही उसकी जिंदगी पूरी तरह बदल जाती है. कुछ ऐसा ही हो रहा है बिहार के समस्तीपुर से ताल्लुक रखने वाले 15 वर्षीय युवा सनसनी वैभव सूर्यवंशी (Vaibhav Suryavanshi) के साथ. इंग्लैंड और आयरलैंड के खिलाफ होने वाली आगामी सीरीज के लिए टीम इंडिया में चुने जाने के बाद वैभव की लोकप्रियता इस कदर आसमान छू रही है कि खुद उनके लिए भी इसे संभालना एक खूबसूरत चुनौती बन गया है.
हाल ही में राजस्थान रॉयल्स (Rajasthan Royals) ने वैभव सूर्यवंशी का एक बेहद दिलचस्प और इमोशनल इंटरव्यू रिलीज किया है. इस इंटरव्यू में वैभव ने टीम इंडिया की जर्सी मिलने के बाद अपनी बदली हुई जिंदगी, बिहार के लोगों से अपने खास जुड़ाव और वहां मिल रहे अथाह प्यार को लेकर कई बड़े और चौंकाने वाले खुलासे किए हैं.
“एयरपोर्ट पे लैंड करते ही अलग फील होता है” – वैभव सूर्यवंशी
इंटरव्यू के दौरान जब वैभव से उनकी बढ़ती हुई फैन फॉलोइंग और घर वापसी को लेकर सवाल किया गया, तो उन्होंने बड़े ही सीधे और देसी अंदाज में जवाब दिया. वैभव ने कहा:
“जब मैं एयरपोर्ट पे लैंड करता हूं और पटना से घर के लिए निकलता हूं, तो मतलब वो अलग ही फील होता है. वो मतलब लगता है कि मैं अपने घर आ गया हूं और अब पूरी तरह से सेफ हूं, अब कोई प्रॉब्लम नहीं है. लेकिन सच बताऊं तो अब मेरा बिहार में रहना थोड़ा मुश्किल हो गया है. मेरी फैन फॉलोइंग इतनी बढ़ गई है कि मेरा बाहर निकलना और घूमना अब पहले जैसा आसान नहीं रहा.”
बिहार के लोगों के रिस्पेक्ट और अटैचमेंट के मुरीद हुए वैभव
आज के समय में जब खिलाड़ियों को थोड़ी सी शोहरत मिलती है, तो वे अपने पैर जमीन से उठा लेते हैं. लेकिन 15 साल के वैभव के संस्कार और उनकी विनम्रता इस इंटरव्यू में साफ झलकती है. उन्होंने बिहार के लोगों से अपने अटैचमेंट को लेकर कहा:
अजनबी भी देते हैं पूरा सम्मान: वैभव के मुताबिक, “मैं तो ट्राई करता हूं कि हर समय घूमते ही रहूं, पैदल बाहर निकलूं. वहां के लोगों से मेरा एक अलग ही जुड़ाव है. बिहार में अगर आप किसी अनजान आदमी से भी कुछ पूछोगे, तो वो आपको बहुत ही रिस्पेक्टफुली (आदर के साथ) जवाब देगा. वहां के लोगों की बात ही बिल्कुल अलग है.”
सपोर्ट और प्यार का कोई मुकाबला नहीं: वैभव ने आगे कहा कि बिहार के फैंस जिस तरीके से अपने खिलाड़ियों को प्यार और सपोर्ट देते हैं, वो पूरी तरह से ‘अनरियल’ (अविश्वसनीय) है. वो लोग कुछ और देखते ही नहीं, बस दिल खोलकर प्यार लुटाते हैं.
पासपोर्ट पर गर्व से लिखा है ‘बिहार’: अपनी माटी के प्रति प्यार दिखाते हुए इस युवा बल्लेबाज ने गर्व से कहा, “मेरे पासपोर्ट पे आज भी साफ-साफ लिखा है कि मेरी पैदाइश बिहार की है, मेरा बोर्न प्लेस बिहार है.”
15 साल की उम्र में जहां बच्चे स्कूल और पढ़ाई के दबाव में होते हैं, वहां वैभव सूर्यवंशी न केवल अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का प्रतिनिधित्व करने जा रहे हैं, बल्कि स्टारडम के दबाव को भी बहुत ही परिपक्वता (Maturity) के साथ संभाल रहे हैं.
बिहार ने भारतीय क्रिकेट को पहले भी कई बड़े नाम दिए हैं, लेकिन एक 15 साल के लड़के के लिए राज्य के कोने-कोने से ऐसा क्रेज दिखना यह साबित करता है कि भारतीय क्रिकेट का भविष्य बेहद सुरक्षित हाथों में है. इंग्लैंड और आयरलैंड के खिलाफ होने वाली सीरीज में पूरी दुनिया की नजरें इस बाएं हाथ के बल्लेबाज के प्रदर्शन पर टिकी होंगी.
वैभव सूर्यवंशी का यह इंटरव्यू साफ करता है कि वह भले ही आज टीम इंडिया के नए सुपरस्टार बनने की राह पर अग्रसर हैं, लेकिन उनका दिल आज भी समस्तीपुर और बिहार की गलियों में ही धड़कता है. फैंस का यही प्यार और दुआएं उन्हें मैदान पर और बेहतर करने का हौसला देती हैं. अब देखना दिलचस्प होगा कि इंग्लैंड और आयरलैंड की तेज पिचों पर यह युवा बल्लेबाज अपने बल्ले से क्या कमाल दिखाता है.
क्या आपको लगता है कि वैभव सूर्यवंशी अपनी इस शानदार फॉर्म को टीम इंडिया के लिए भी बरकरार रख पाएंगे? कमेंट सेक्शन में अपनी राय देना न भूलें!
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